दुर्ग ! आपदा प्रबंधन एवं बचाव कार्यों के प्रति जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से सोमवार को उतई थाना परिसर में एसडीआरएफ (राज्य आपदा मोचन बल) दुर्ग द्वारा बाढ़, फायर एवं सिविल डिफेंस से संबंधित मॉक ड्रिल का आयोजन किया गया। कार्यक्रम महिला कमांडो प्रमुख शमशाद बेगम के विशेष आग्रह पर आयोजित किया गया।
मॉक ड्रिल का आयोजन जिला सेनानी एवं अग्निशमन अधिकारी नागेंद्र कुमार सिंह के निर्देशन में किया गया। इस दौरान एसडीओपी अनूप लकड़ा, थाना उतई प्रभारी सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।
एसडीआरएफ के जवानों ने लगभग 350 से 400 महिला कमांडो सदस्यों के समक्ष विभिन्न आपदा एवं बचाव कार्यों का जीवंत प्रदर्शन किया। मॉक ड्रिल में बाढ़ में फंसे ग्रामीणों के सुरक्षित रेस्क्यू, नदी में डूबे व्यक्ति की खोज एवं शव निकालने की डीप डाइविंग प्रक्रिया, मोटर बोट पलटने की स्थिति में बचाव कार्य तथा डूबे हुए व्यक्ति को सीपीआर देकर प्राथमिक उपचार प्रदान करने का प्रदर्शन किया गया।
इसके अलावा एसडीआरएफ के आधुनिक बचाव उपकरणों की जानकारी देते हुए उनके उपयोग की विधि भी बताई गई। जवानों ने आपदा के समय त्वरित एवं प्रभावी कार्रवाई के महत्व को समझाया।
कार्यक्रम के दौरान उपस्थित महिला कमांडो टीम एवं अधिकारियों ने बचाव कार्यों की बारीकियों को समझा तथा आपदा प्रबंधन के प्रति अपनी तैयारियों को मजबूत करने की जानकारी प्राप्त की।
इस मॉक ड्रिल के माध्यम से आपदा की स्थिति में त्वरित प्रतिक्रिया, बचाव कौशल और समन्वय क्षमता का सफल प्रदर्शन किया गया, जिससे भविष्य में किसी भी आपात स्थिति से प्रभावी ढंग से निपटने में सहायता मिलेगी।

